Category : बड़ी खबर | Sub Category : नेशनल Posted on 2020-02-10 06:05:23
-वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा, उद्योग के लिए कर भुगतान आसान बनाएगी सरकार
कोलकाता। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि सरकार उद्यमियों के लिए कर का भुगतान आसान बनाएगी और सुविधा प्रदाता के रूप में काम करेगी। उन्होंने इस क्रम में जीएसटी दरों में साल में एक बार बदलाव किए जाने की भी वकालत की। फिलहाल आम तौर पर जीएसटी दरों की समीक्षा हर तिमाही में एक बार होती है।
वित्तमंत्री कहा कि सरकार उद्योगों और उपक्रमों के संपर्क में रहना चाहती है। वह आम बजट, 2020-21 पेश होने के एक सप्ताह बाद व्यापार और उद्योग जगत के सदस्यों के साथ बातचीत कर रही थीं। सीतारमण ने कहा, सरकार उद्योग और कारोबारियों के साथ संवाद जारी रखना चाहती है।
कर प्रणाली में कारगर होगी नई तकनीक
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने बजट में कर मामलों में अपील करने व कर भुगतान की प्रक्रिया में अधिकारियों और करदाताओं के एक-दूसरे के सामने उपस्थित होने की अनिवार्यता समाप्त करने जैसे कदमों को शामिल किया है। सीतारमण ने कहा कि यह सिर्फ नई प्रौद्योगिकी से संभव हो सकता है। उन्होंने कहा, पिछले कई साल हमें बेकार कानूनों को हटाने में लगे। इससे सरकार को बजट में किए गए वादों को पूरा करने में मदद मिलेगी।
जीएसटी दर कम करने की जिम्मेदारी सिर्फ केंद्र की नहीं
वित्त मंत्री ने जीएसटी से जुड़े मुद्दों पर कहा कि कर की दरें कम करने की पहल शुरू करने की जिम्मेदारी केंद्र की नहीं है। राज्यों के मंत्रियों को भी मामले उठाने चाहिए। चाय बोर्ड के चेयरमैन पीके बेजबरुआ द्वारा पश्चिम बंगाल और असम के चाय उत्पादक क्षेत्रों में एटीएम की कमी का मामला उठाने पर उन्होंने कहा, बिना नकदी के मेहनताने का भुगतान समस्या हो रही है। मैं जानती हूं कि चाय उत्पादक क्षेत्रों में एटीएम कम हैं। सरकार इन इलाकों में एटीएम लगाने को तैयार है।
सच्चे कारोबारियों को मिले कर्ज
वित्त सचिव राजीव कुमार ने कहा कि सच्चे कारोबारियों को कर्ज के लिए प्रोत्साहित करने की जरूरत है। उन्होंने कहा, व्यावसायिक ऋण वितरण में तेजी की जरूरत है। केंद्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) ने कारोबार की वास्तविक असफलता और धोखाधड़ी के बीच फर्क करने के लिए एक समिति गठित की है। इस दौरान यहां के उद्योगपतियों ने वित्तमंत्री से मिलकर देश की अर्थव्यवस्था को आगे बढ़ाने के लिये बजट में उठाए गए बड़े कदमों की सराहना की। इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स (आईसीसी) के महानिदेशक राजीव सिंह ने बैठक के बाद कहा, हमारी चर्चा बुनियादी संरचना पर खर्च बढ़ाने, भारतीय जीवन बीमा निगम का विनिवेश करने, कृषि क्षेत्र के लिये उपायों जैसे सरकार के बड़े कदमों पर केंद्रित रही।
कमाई करो कोट