Category : मौके | Sub Category : बिजनेस आइ़डिया Posted on 2019-06-12 04:36:30
नई दिल्ली। Agarbatti making
business: धूप या अगरबत्तियों का
इस्तेमाल ज्यादातर मंदिर में पूजा करने और घरेलू वातावरण को बेहतर बनाने के लिए
किया जाता है। इनकी डिमांड भी साल भर रहती है, इसलिए इसे अच्छे मुनाफे वाला बिजनेस
माना जाता है। इस बिजनेस को करना भी काफी आसान है। धूप-अगरबती का बिजनेस कम पैसों
में शुरू हो जाता है। भारत में अगरबत्ती बनाने की मशीन की कीमत 35000 रुपए से 175000 रुपए तक कीमत में आती है। हम आपको यहां इस बिजनेस के बारे
में पूरी डिटेल दे रहे हैं।
अगरबत्ती बनाने की मशीन
अगरबत्ती बनाने में कई तरह की मशीनें उपयोग में लाई जाती हैं। इनमें मिक्सचर मशीन, ड्रायर मशीन और मेन प्रोडक्शन मशीन शामिल हैं। मिक्सचर मशीन कच्चे माल का पेस्ट बनाने के काम आती है और मेन प्रोडक्शन मशीन पेस्ट को बांस पर लपेटने का काम करता है। अगरबत्ती बनाने के मशीन सेमी और फुल्ली ऑटोमैटिक भी होती है। मशीन का चुनाव करने के बाद इंस्टॉलेशन के बजट के हिसाब से मशीनों के सप्लायर से डील करें और इंस्टॉल करवाएं। मशीनों पर काम करने की ट्रेनिंग लेना भी आवश्यक है।
मशीन की कीमत
भारत में अगरबत्ती बनाने की मशीन की कीमत 35000 रुपए से 175000 रुपए तक है। कम दाम वाली मशीन की प्रोडक्शन क्षमता कम होती है और आपको इससे ज्यादा मुनाफा नहीं होगा। इसलिए ऑटोमैटिक मशीन से काम स्टार्ट करें, क्योंकि ये बहुत तेजी से अगरबत्ती बनाती है। ऑटोमैटिक मशीन की कीमत 90000 से 175000 रुपए तक है। एक ऑटोमैटिक मशीन एक दिन में 100 किग्रा अगरबत्ती बन जाती हैं।
अगरबत्ती कच्चे माल की सप्लाई
मशीन इंस्टॉलेशन के बाद कच्चे माल की सप्लाई के लिए मार्केट के अच्छे सप्लायरों से संपर्क करें। अच्छे सप्लायरों की लिस्ट निकालने के लिए आप किसी अगरबत्ती उद्योग में पहले से बिजनेस करने वाले लोगों से मदद ले सकते हैं। कच्चा माल हमेशा जरूरत से थोड़ा ज्यादा मंगाएं, क्योंकि इसका कुछ हिस्सा वेस्टेज में भी जाता है।
अगरबत्ती बनाने के लिए सामग्री
अगरबत्ती बनाने के लिए सामग्री में गम पाउडर, चारकोल पाउडर, बांस, नर्गिस पाउडर, खुशबूदार तेल, पानी, सेंट, फूलों की पंखुड़ियां, चंदन की लड़की, जेलेटिन पेपर, शॉ डस्ट, पैकिंग मटीरियल आदि शामिल हैं।
पैकेजिंग और मार्केटिंग
आपका उत्पाद आपकी डिजाइनर पैकिंग पर बिकता है। पैकिंग के लिए किसी पैकेजिंग एक्सपर्ट से सलाह लें और पैकेजिंग को आकर्षक बनाएं। पैकेजिंग के द्वारा लोगों के धार्मिक मनोस्थिति को छूने की कोशिश करें। अगरबत्तियों की मार्केटिंग करने के लिए अखबारों, टीवी में एड दे सकते हैं। इसके अलावा अगर आपका बजट इजाजत देता हो तो कंपनी की ऑनलाइन वेबसाइट बनाएं और अपने विभिन्न उत्पादों की मार्केटिंग करें।
अगरबत्ती बनाने में लगने वाला समय
अगरबत्ती के निर्माण का समय आपके द्वारा इस्तेमाल की गयी मशीन के अनुसार अलग हो सकता है जैसे की अगर आप ऑटोमेटिक मशीन का इस्तेमाल कर रहे हैं तो आप 1 मिनट में 150 से 200 अगरबत्ती तक का निर्माण कर सकते है। यदि आप हाथों से इसका निर्माण कर रहे हैं या करा रहे हैं तो इसमें लगने वाला समय आपके या कर्मचारी के कार्य करने की क्षमता पर निर्भर करता है।
बिजनेस शुरू करने में लगने वाली कुल लागत
इस बिजनेस को आप 13,000 रुपये की लागत के साथ घरेलू स्तर पर भी हाथों से निर्माण कर शुरू कर सकते हैं, लेकिन अगर आप अगरबत्ती के बिजनेस को मशीन बैठाकर शुरू करने की सोच रहे है तो इसको शुरू करने में लगभग 5 लाख रुपये तक की लागत लग सकती है। अगरबत्ती को बनाने में लगने वाली कच्ची सामग्रियां उसकी मात्रा और उसके बाजार मूल्य को नीचे संदर्भित किया गया है जिसे जरूरत के अनुसार आप इसकी मात्रा को घटा या बढ़ा कर अपने व्यवसाय को आगे बढ़ा सकते है: चारकोल डस्ट 1 किलो ग्राम 13 रुपये, जिगात पाउडर 1 किलो ग्राम 60 रुपये, सफ़ेद चिप्स पाउडर 1 किलो ग्राम 22 रुपये, चन्दन पाउडर 1 किलो ग्राम 35 रुपये, बांस स्टिक 1 किलो ग्राम 116 रुपये, परफ्यूम 1 पीस 400 रुपये, डीइपी 1 लीटर 135 रुपये, पेपर बॉक्स 1 दर्जन 75 रुपये, रैपिंग पेपर 1 पैकेट 35 रुपये और कुप्पम डस्ट 1 किलो ग्राम 85 रुपये हैष
कितना होगा मुनाफा
अगर आप 30 लाख का सालाना बिजनेस करते हैं तो 10 फीसदी मार्जिन के साथ आप 3 लाख रुपए कमा सकते हैं। यानी आप हर महीने 25 हजार रुपए की कमाई कर सकते हैं।
कमाई करो कोट